सार :
अभी भी कुछ दिनों तक लोगों को मानसून का इंतजार करना होगा। मध्य प्रदेश के कुछ जिलों में प्री मानसून वर्षा शुरू हो चुकी है। जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिल चुकी है फिर भी गर्मी से पूरी तरह राहत के लिए बारिश का लगातार होना आवश्यक है। आवेश मानसून ने मध्य प्रदेश में भी बारिश कर रहा है। मध्य प्रदेश के कुछ जिलों में प्री मानसून वर्षा शुरू हो चुकी है। जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिल चुकी है फिर भी गर्मी से पूरी तरह राहत के लिए बारिश का लगातार होना आवश्यक है। आईए जानते हैं पूरी ख़बर विस्तार से।
विस्तार :
मौसम विभाग के अनुसार 19 से 23 जून के दौरान पंजाब, हरियाणा-चंडीगढ़- दिल्ली, उत्तर प्रदेश व राजस्थान में हल्की बारिश होने की संभावना है। यानी अब इन राज्यों में गर्मी से राहत मिलने वाली है। वहीं अगले दो दिनों के दौरान उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों में 25 से 35 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से तेज सतही हवाएं चल सकती है। इसके अलावा इस दौरान पहाड़ी राज्यों जम्मू-कश्मीर-लद्दाख-गिलगित-बाल्टिस्तान-मुजफ्फराबाद, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में भी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार प्रदेश में अभी पश्चिमी विक्षोभ, साइक्लोनिक सकुर्लेशन एक्टिव है। इस वजह से प्रदेश में आंधी-बारिश का दौर चल रहा है। अनुमान है कि भारत में अच्छे मानसून के कारण पिछले साल कम हुई बारिश की भरपाई हो सकती है। मौसम विभाग के अनुसार दिल्ली में जारी भीषण गर्मी से आने वाले कुछ दिनों में निजात मिलने की संभावना है। वहीं, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में आने वाले दो दिनों तक मौसम विभाग ने गर्मी को लेकर रेड अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार दिल्ली-एनसीआर में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की उम्मीद है। 30 जून के आसपास दिल्ली-एनसीआर में मॉनसून के आने की उम्मीद है।
मध्य प्रदेश में खुशी की लहर पहुंचा मॉनसून, हुई झमाझम बारिश :
मॉनसून ने देश के आधे से ज्यादा हिस्सा कवर कर लिया है। मौसम विभाग के मुताबिक़ अभी मानसून की उत्तरी सीमा महाराष्ट्र के नवसारी, जलगाँव, मध्य प्रदेश के मंडला, छत्तीसगढ़ के पेंड्रा रोड, उड़ीसा के बालासोर, हल्दिया, झारखंड के पाकुर, साहिबगंज और रक्सौल पर बनी हुई है। तो मॉनसून एमपी में एंट्री लेते ही बारिश कराने लगा है। मौसम विभाग के अनुसार शुक्रवार को भी कई जिलों में तेज आंधी चलने की चेतावनी जारी की गई है। गुरुवार को उमरिया, मंडला, भिंड, दतिया में तेज बारिश हुई। उमरिया में करीब एक घंटे तक पानी गिरा। वहीं राजधानी भोपाल में भी जमकर झमाझम बारिश हुई। मौसम विभाग के अनुसार, वेस्टर्न डिस्टरबेंस और साइक्लोनिक सकुर्लेशन सिस्टम का असर भोपाल में भी देखने को मिल रहा है। इस वजह से तेज हवा और बारिश के साथ गरज-चमक की स्थिति बनी हुई है। मौसम विभाग के मुताबिक शुक्रवार को भी गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। विशेषकर भोपाल, नर्मदापुरम, जबलपुर, शहडोल, सागर संभाग के जिलों में तेज बौछारें पड़ सकती हैं। मौसम विज्ञान केंद्र से मिली जानकारी के मुताबिक वर्तमान में एक पश्चिमी विक्षोभ पाकिस्तान पर बना हुआ है। पंजाब पर एक प्रेरित चक्रवात बना हुआ है।
उत्तर भारत में मौसम के मिजाज :

मौसम विभाग के अनुसार दिल्ली में जारी भीषण गर्मी से आने वाले कुछ दिनों में निजात मिलने की संभावना है। वहीं, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में आने वाले दो दिनों तक मौसम विभाग ने गर्मी को लेकर रेड अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार दिल्ली-एनसीआर में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की उम्मीद है। 30 जून के आसपास दिल्ली-एनसीआर में मॉनसून के आने की उम्मीद है। मौसम विभाग के अनुसार, 20 जून को दिल्ली में हल्की बूंदाबांदी से राहत मिल सकती है। दिल्ली-NCR सहित आस-पास के इलाकों में 30-50 किमी/घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और हल्की से मध्यम तीव्रता की बारिश होने का अनुमान है। मॉनसून की बात करें तो कल से 21 जून को महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, औडिशा के कुछ और भागों में मॉनसून आगे बढ़ा है। वहीं, दिल्ली-यूपी में अगले 3-4 दिन में दस्तक दे सकता है। प्री मॉनसून बारिश से लोगों को काफी राहत मिली है। शनिवार को आसमान में बादल छाए रहने की संभावना है जबकि अधिकतम और न्यूनतम तापमान क्रमश: 41 और 28 डिग्री सेल्सियस के बीच रिकॉर्ड किया जा सकता है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार प्रदेश में अभी पश्चिमी विक्षोभ, साइक्लोनिक सकुर्लेशन एक्टिव है। इस वजह से प्रदेश में आंधी-बारिश का दौर चल रहा है। मौसम विभाग के मुताबिक अगले 4-5 दिन में पश्चिम बंगाल, सिक्किम और पूर्वोत्तर राज्यों में भारी से बहुत भारी वर्षा तथा कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी वर्षा जारी रहने की संभावना है। उत्तराखंड, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, रायलसीमा, मराठवाड़ा और दक्षिणपूर्व राजस्थान में हल्की बारिश हो सकती है। अगर हम मध्य प्रदेश के मौसम की बात करें तो मध्यप्रदेश के अलग-अलग क्षेत्र में अलग-अलग तरह का मौसम देखने को मिल रहा है। वहीं अगर हम उत्तर भारत के अन्य राज्यों में दक्षिण पश्चिम मानसून के इस बार हरियाणा, चंडीगण, पंजाब में समय से आने की संभावना है। ऐसा इसलिए क्योंकि मानसून का पैटर्न अभी तक अपने समय से चल रहा है। हरियाणा में मानसून की बारिश 3 जुलाई तक आ सकती है।
इन राज्यों में हो रही बारिश :
देश के कई हिस्सों में मॉनसून आने के बाद से ही बारिश का दौर जारी है। मौसम विभाग के मुताबिक अगले 4-5 दिन में पश्चिम बंगाल, सिक्किम और पूर्वोत्तर राज्यों में भारी से बहुत भारी वर्षा तथा कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी वर्षा जारी रहने की संभावना है। उत्तराखंड, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, रायलसीमा, मराठवाड़ा और दक्षिणपूर्व राजस्थान में हल्की बारिश हो सकती है। अगर हम मध्य प्रदेश के मौसम की बात करें तो मध्यप्रदेश के अलग-अलग क्षेत्र में अलग-अलग तरह का मौसम देखने को मिल रहा है। कुछ क्षेत्र में लगातार बारिश का दौर जारी है। तो वहीं कुछ जिलों में तेज गर्मी का दौर भी चल रहा है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार प्रदेश में अभी पश्चिमी विक्षोभ, साइक्लोनिक सकुर्लेशन एक्टिव है। इस वजह से प्रदेश में आंधी-बारिश का दौर चल रहा है। अनुमान है कि भारत में अच्छे मानसून के कारण पिछले साल कम हुई बारिश की भरपाई हो सकती है।
