सार :
देश में आधे हिस्से में मानसून पहुंच गया है वहीं आधे हिस्से में फिलहाल मानसून का इंतजार है और भीषण गर्मी से लोगों का बुरा हाल है। कहीं लोग बारिश से परेशान हैं तो कहीं गरमी से। मौसम विभाग के मुताबिक अगले 4-5 दिन में पश्चिम बंगाल, सिक्किम और पूर्वोत्तर राज्यों में भारी से बहुत भारी वर्षा तथा कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी वर्षा जारी रहने की संभावना है। वहीं भारत के उत्तरी भागों में भीषण हीटवेब की स्थिति जारी रहने की संभावना है। आईए जानते हैं मौसम की पूरी जानकारी विस्तार में।
विस्तार :
मौसम विभाग ने भारत के उत्तरी भागों में अगले 3-4 दिनों तक लू की स्थिति बनी रहेगी। मौसम विभाग ने अनुमान लगाया है कि 14 जून को बिहार और झारखंड में भीषण गर्मी पड़ेगी, पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश में 14 जून से 17 जून तक भीषण गर्मी रहेगी। भारतीय मौसम विभाग ने शनिवार को भविष्यवाणी की है कि अगले कुछ घंटों के दौरान देश के पूर्वोत्तर और पूर्वी क्षेत्रों में हल्की से मध्यम वर्षा होने की संभावना है। सिक्किम और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, पश्चिमी अरुणाचल प्रदेश, पश्चिमी असम और मेघालय के आस-पास के क्षेत्रों में अधिकांश स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा और कभी-कभी तीव्र वर्षा होने की संभावना है। वहीं उत्तर भारत गर्म हवाओं से जूझ रहा है। वहीं 15 से 17 जून तक उत्तर प्रदेश, हरियाणा, नई दिल्ली में तो पश्चिम बंगाल, बिहार, झारखंड और झारखंड में लू चलने की संभावना जताई गई है। इतना ही नहीं उत्तर भारत के अन्य राज्यों का भी यही हाल है जहां 15 और 16 जून को हिमाचल प्रदेश, जम्मू, उत्तर-पूर्व मध्यप्रदेश के कुछ इलाकों में लू चलने की संभावना है।
जिन राज्यों में मॉनसून का आगमन नहीं हुआ है वहां गर्मी से आम जनजीवन अस्त व्यस्त है, 15 जून को उत्तर-पश्चिम मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, उत्तरी छत्तीसगढ़ और ओडिशा, उत्तर-पश्चिमी राजस्थान में भी तापमान अधिक रहने की संभावना है। मध्य से प्रचलित अल नीनो स्थितियां पिछले महीने समाप्त हो गई। गौरतलब है कि अल नीनो भारतीय मानसून पर नकारात्मक प्रभाव डालता है जबकि ला नीना भारत में मानसून के लिए अनुकूल होता है। इसीलिए भारत में अच्छी बारिश होने की संभावना है। 16 जून तक उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब, दिल्ली और झारखंड के कुछ हिस्सों में हीटवेव चलने की आशंका है. वहीं,13 जून को अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय,कर्नाटक, तेलंगाना और महाराष्ट्र में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। दिल्ली में हीटवेव का दौर थमने का नाम ही नहीं ले रहा है। मौसम विभाग ने 18 जून तक दिल्ली में लू की चेतावनी जारी की है। इस दौरान तीखी धूप सताएगी और दिन का पारा 45 डिग्री तक पहुंचने की आशंका है।
इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट जारी :
वहीं,13 जून को अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय,कर्नाटक, तेलंगाना और महाराष्ट्र में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। दिल्ली में हीटवेव का दौर थमने का नाम ही नहीं ले रहा है। मौसम विभाग के मुताबिक अगले 4-5 दिन में पश्चिम बंगाल, सिक्किम और पूर्वोत्तर राज्यों में भारी से बहुत भारी वर्षा तथा कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी वर्षा जारी रहने की संभावना है। प्रशांत महासागर में बनने वाला अलनीनो 11 महीने के बाद खत्म हो गया है। अब जुलाई से सितंबर के दौरान ला नीनो विकसित होगा। यह मानसून के लिए अनुकूल होगा और जमकर बादल बरसेंगे। अनुमान है कि भारत में अच्छे मानसून के कारण पिछले साल कम हुई बारिश की भरपाई हो सकती है। उत्तर पश्चिमी शुष्क हवाओं का असर गंगा के मैदानी भागों में होता रहेगा, जब बंगाल की खाड़ी से मॉनसून वाली हवाएं आना शुरू होंगी तब मौसम में थोड़ा बदलाव हो सकता है। अब इस गर्मी से निजात मानसून ही दिला सकता है जो कि उत्तर भारत की ओर तेजी से बढ़ रहा है यह महाराष्ट्र तक पहुंच चुका है एवं मध्य प्रदेश गुजरात में प्री मानसून की वर्षा भी शुरू हो चुकी है।
इन राज्यों में भीषण गर्मी के बीच मिली राहत की ख़बर :

मौसम विभाग ने लू और भीषण गर्मी से तड़प रहे लोगों को मानसून को लेकर खुशखबरी दी है। मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी में मची ताजा हलचल से अब उत्तर प्रदेश में समय से मानसून के आने के आसार बनने लगे हैं। हालांकि इससे पहले अगले दो दिन यानी 15 और 16 जून को पूरे प्रदेश में अधिकतर स्थानों पर प्रचंड लू और तपन का प्रकोप जारी रहने और रात भी गरम रहने का अनुमान है। भारतीय मौसम विज्ञान केन्द्र के अनुसार, दक्षिणी-पश्चिमी मानसून की बंगाल की खाड़ी की शाखा अगले चार से पांच दिनों में पश्चिम बंगाल, उड़ीसा, बिहार तक पहुंच सकता है। इसके बाद बिहार के रास्ते गोरखपुर या वाराणसी से मानसून उत्तर प्रदेश में दाखिल होगा। मध्य प्रदेश में प्री मानसून की बारिश जारी है, जबकि आधे प्रदेश में भीषण गर्मी से लोगों का हाल बेहाल है। मध्य प्रदेश के कई जिलों में शनिवार यानि आज प्री मानसून में तेज बारिश का अलर्ट जारी किया है। कई जिलों में हवा की रफ्तार भी 60 किलोमीटर प्रति घंटा रहेगी। मध्य प्रदेश के रीवा में पिछले 24 घंटे में राज्य का सबसे अधिक तापमान 44.6 डिग्री दर्ज किया गया है।
कब होगी मध्य भारत और उत्तर भारत में मॉनसून की एंट्री :
प्रशांत महासागर में बनने वाला अलनीनो 11 महीने के बाद खत्म हो गया है। अब जुलाई से सितंबर के दौरान ला नीनो विकसित होगा। यह मानसून के लिए अनुकूल होगा और जमकर बादल बरसेंगे। अनुमान है कि भारत में अच्छे मानसून के कारण पिछले साल कम हुई बारिश की भरपाई हो सकती है।मौसम विभाग ने लू और भीषण गर्मी से तड़प रहे लोगों को मानसून को लेकर खुशखबरी दी है। मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी में मची ताजा हलचल से अब उत्तर प्रदेश में समय से मानसून के आने के आसार बनने लगे हैं। हालांकि इससे पहले अगले दो दिन यानी 15 और 16 जून को पूरे प्रदेश में अधिकतर स्थानों पर प्रचंड लू और तपन का प्रकोप जारी रहने और रात भी गरम रहने का अनुमान है। भारतीय मौसम विज्ञान केन्द्र के अनुसार, दक्षिणी-पश्चिमी मानसून की बंगाल की खाड़ी की शाखा अगले चार से पांच दिनों में पश्चिम बंगाल, उड़ीसा, बिहार तक पहुंच सकता है। इसके बाद बिहार के रास्ते गोरखपुर या वाराणसी से मानसून उत्तर प्रदेश में दाखिल होगा।
आगामी 19-20 जून से प्रदेश में मानसून से पहले की बारिश का सिलसिला भी शुरू होने का अनुमान जताया गया है। इससे पहले 17-18 जून को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अनेक स्थानों और पूर्वी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर लू चलने और कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी चलने की उम्मीद है। राज्य के अधिकांश इलाकों में दिन का तापमान 44-45 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया। उत्तर भारत के कई राज्यों में अभी भी गर्मी का सितम जारी है अब इस गर्मी से निजात मानसून ही दिला सकता है जो कि उत्तर भारत की ओर तेजी से बढ़ रहा है यह महाराष्ट्र तक पहुंच चुका है एवं मध्य प्रदेश गुजरात में प्री मानसून की वर्षा भी शुरू हो चुकी है। 20 से 25 जून तक यह उत्तर प्रदेश, बिहार समेत देश के उत्तरी राज्यों को कवर कर लेगा।
