देश में ठंड का दौर शुरू हो चुका है। देश के पहाड़ी इलाकों में जोरदार ठंड का एहसास भी होने लगा है लेकिन मौसम में आए दिन बदलाव हो रहे हैं कई राज्यों में सर्दी का असर तेज होता दिखाई दे रहा है तो कहीं बारिश जैसे हालात बन रहे हैं मौसम विभाग ने चार राज्यों में बारिश की संभावना जताते हुए अलर्ट जारी किया है। बता दें कि पश्चिमी विकशॉप के कारण मौसम में आए दिन बदलाव नजर आ रहे हैं कहीं पर तापमान में बढ़ोतरी दिखाई दे रही है तो कहीं टेंपरेचर गिर रहा है। मौसम विभाग ने इस Western disturbance के असर के खत्म होने के बाद जोरदार ठंड पड़ने की चेतावनी दी है।
मौसम विभाग की माने तो देश के कई राज्यों में बारिश की संभावना जताई गई है इससे आने वाले दिनों में सर्दी का असर और तेज हो सकता है मौसम विभाग के अनुसार मध्य प्रदेश ,राजस्थान ,गुजरात और महाराष्ट्र में बारिश होने की संभावना है। इस बेमौसम बरसात से सर्दी में इजाफा होगा। वहीं दक्षिण में मानसून सक्रिय होगा। पहाड़ों पर 23 नवंबर से एक बार फिर से बर्फबारी का दौर शुरू हो जाएगा। देश के शेष भागों में मौसम शुष्क रहेगा और तापमान में हल्की सी गिरावट आ जाएगी। वहीं पश्चिमी विकशॉप के असर के खत्म होने के बाद इन राज्यों में भी तेज ठंड का दौर शुरू हो जाएगा। अभी कई राज्यों में बादल छाए रहने की शिकायत है जो की वेस्टर्न डिस्टरबेंस के कारण है।
वही मौसम वैज्ञानिकों की माने तो भारत के दक्षिणी राज्यों में तेज बारिश की संभावना भी है। मौसम विभाग ने पश्चिमी विकशॉप के चलते केरल और तमिलनाडु में भारी बारिश की चेतावनी दी है यह संभावना अगले दो दिनों तक बनी रह सकती है इसके बाद बारिश में कमी आ जाएगी और ठंड में बढ़ोतरी होने की संभावना है। साथ ही मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार दक्षिण भारत में बारिश की संभावना जताई गई है तो वहीं उत्तर भारत में न्यूनतम तापमान में कोई खास गिरावट ना होने की उम्मीद जताई गई है।
पहाड़ी इलाकों में बढ़ने लगी ठंड:-
उत्तर भारत में ठंड बढ़ने लगी है दिल्ली समेत कई राज्यों में तापमान धीरे-धीरे कम होने लगा है हालांकि दक्षिण भारत में इस समय कई हिस्सों में भारी बारिश का दौर जारी है एक वेस्टर्न डिस्टरबेंस नॉर्थवेस्ट और वेस्ट इंडिया को 25 नवंबर से प्रभावित करने जा रहा है जिसकी वजह से मौसम का मिजाज बदल जाएगा। इसकी वजह से मध्य महाराष्ट्र, उत्तरी कोकण, गुजरात ,साउथ वेस्ट मध्य प्रदेश ,राजस्थान आदि राज्यों में 27 नवंबर तक बारिश हो सकती है वहीं पश्चिमी हिमालय क्षेत्र और उत्तर पश्चिम के मैदानी इलाकों में भी 27 और 28 नवंबर को हल्की बारिश दर्ज की जा सकती है इसके अलावा मौसम विभाग ने बताया है कि अगले तीन दिनों तक दक्षिण भारत में भारी बारिश होगी।
जम्मू कश्मीर में पारा काफ़ी नीचे बना रहा और श्रीनगर शहर में रात में इस मौसम का सबसे कम तापमान दर्ज किया गया। अधिकारियों ने यहां बुधवार को यह जानकारी दी सुबह के समय घाटी में कोहरा छाया रहा। जिससे श्रीनगर अंतरराष्ट्रीय हाईवे हवाई अड्डा के लिए हवाई यातायात बाधित हुए। तापमान बढ़ने से कोहरा छटने के कारण जल्द उड़ानों का सामान्य संचालन शुरू हो गया। घाटी में शीत लहर की स्थिति बढ़ने से सुबह घने कोहरे की चादर छाई रही पहाड़ी इलाकों में मैदानी इलाकों के कंपैरिजन में ठंड बहुत ज्यादा पढ़ने लगी है।
दिल्ली में नहीं मिल रहा प्रदूषण से छुटकारा:-
वही दिल्ली में बुधवार को सुबह वायु गुणवत्ता की स्थिति खराब रही और वायु गुणवत्ता सूचकांक बहुत खराब श्रेणी में दर्ज किया गया शहर का एकयूआई बुधवार को सुबह 9:05 पर 394 रहा जबकि एक दिन पहले मंगलवार को यह 365 था। मंगलवार को ऐसा अनुमान लगाया जा रहा था कि अब दिल्ली में वायु की गुणवत्ता में सुधार आ सकता है लेकिन दूसरे दिन यह फिर से बढ़ गया।
जल्द ही बदलने वाला है मध्य प्रदेश का मौसम:-
मौसम विभाग के द्वारा बताया जा रहा है कि अगले 24 से 48 घंटे में मध्य प्रदेश के मौसम में बदलाब देखने को मिल सकता है 23 नवंबर के बाद उत्तर भारत में एक नया पश्चिमी विकशॉप सक्रिय होने जा रहा है जिसके असर से प्रदेश के पश्चिमी हिस्से में बादल छाने के साथ हल्की बारिश होने की संभावना जताई जा रही है इस दौरान मावत गिरने के भी आसार हैं वहीं नवंबर के अंत से तापमान में भी तेजी से गिरावट आएगी और तेज ठंड का दौर शुरू हो जाएगा। दिसंबर में कड़ाके की सर्दी पढ़ना शुरू हो जाएगी फिलहाल एक-दो दिन मध्य प्रदेश में तापमान में किसी भी प्रकार का बड़ा परिवर्तन नहीं होगा और मौसम यूंही बना रहेगा।
मध्य प्रदेश में वर्तमान में हवा का रुख दक्षिणी और दक्षिण पूर्वी बना हुआ है गुरुवार से एक नया पश्चिमी विकशॉप उत्तर भारत में सक्रिय होगा। जिसके असर से 25 से 26 नवंबर को ग्वालियर में बादल छाए रहेंगे और भोपाल इंदौर सहित कई शहरों में वर्षा होने की संभावना है। हालांकि इस पश्चिमी विकशॉप के आगे बढ़ने से 27 नवंबर के बाद से फिर मौसम साफ होने लगेगा और हवा का रुख फिर से उत्तर होने से पारे में गिरावट होने की संभावना है और ठंड बढ़ जाएगी। कहीं-कहीं रात का तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे भी हो सकता है। 26 से 28 नवंबर तक जबलपुर सहित संभाग में ऐसा ही मौसम बना रहेगा। फिर दिसंबर के पहले सप्ताह में तेज ठंड का दौर शुरू हो जाएगा।
