सार :

उत्तर भारत से लेकर दक्षिण भारत तक अब मौसम में गर्माहट आने लगी है और तापमान में तेजी से इजाफा देखने को मिल रहा है, लेकिन दो अलग-अलग सिस्टमों के एक्टिव होने से मौसम में बार-बार बदलाव भी हो रहा है। जहां उत्तरभारत में पश्चिमी विक्षोभ का असर कमजोर होता नजर आ रहा है और गर्माहट बढ़ने लगी है वही बंगाल की खाड़ी के समीप उत्पन्न चक्रवाती परिसंचरण के कारण मध्य भारत और पूर्वी भारत के राज्यों पर बारिश और ओलावृष्टि का खतरा मंडरा रहा है। आज मौसम विभाग ने मध्य भारत के कई राज्यों समेत पूर्वी राज्यों और दक्षिण भारत के राज्यों के तटीय इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश और कहीं-कहीं तेज बारिश की संभावना जताई है।

Weather Report : पिछले कुछ दिनों से देश के मौसम में लगा लगातार बदलाव होते जा रहे हैं। ठंड की तो विदाई हो चुकी है लेकिन नए पश्चिमी विक्षोभों और चक्रवाती परिसंचरण की वजह से बार-बार मौसम मैं बदलाव हो रहा है और बारिश हो रही है, तो कहीं ओलावृष्टि की खबरें भी सामने आ रही है। पहाड़ी राज्यों में बर्फबारी का दौर शुरू है आज भी मौसम विभाग ने हिमपात होने की संभावना जताई है। इस कारण मैदानी राज्यों के हाल यह है कि दिन का तापमान स्थिर है, रात के तापमान में थोड़ी गिरावट दर्ज की जा रही है। यानि रात के समय ठंडक का एहसास जारी है और दिन के समय गर्मी का एहसास होने लगा है।

मध्य भारत के इन राज्यों (महाराष्‍ट्र, मध्‍यप्रदेश और छत्तीसगढ) में आज बारिश ओलावृष्टि का अलर्ट हुआ जारी :

मौसम विभाग के वैज्ञानिकों ने पूर्वानुमान जताया है कि मध्य भारत के राज्यों महाराष्‍ट्र, मध्‍य प्रदेश के पूर्वी हिस्से और छत्तीसगढ के कई भागों में आज भारी बारिश की संभावना है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार आज मध्‍यप्रदेश के पूर्वी जिलों, छत्तीसगढ, विदर्भ और झारखंड समेत छत्तीसगढ के कई हिस्‍सों में अलग-अलग स्‍थानों पर ओलावृष्टि, बादल गरजने, बिजली चमकने के साथ तेज हवाऐं चलने की संभावना है। अगले आने वाले दो दिन के दौरान दक्षिणी राज्यों तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और पूर्वोत्तर भारत के कई हिस्‍सों में बादल गरजने के साथ साथ बिजली चमकने और हल्‍की से मध्‍यम बारिश होने का अनुमान है।

पिछले कुछ दिनों से प्रदेश में दिन के तापमान में और रात के तापमान में कोई उतार-चढ़ाव नजर नहीं आ रहे थे और तापमान वैसा ही बना हुआ था। दिन का तापमान कुछ दिनों से 30 डिग्री से 33 के इर्द-गिर्द ही घूम रहा है तो रात का तापमान 18 से 20 डिग्री के आसपास ही बना हुआ है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि यह सब पूर्वी हवाओं के कारण देखा जा रहा है पूर्वी हवाएं ,उत्तर से आने वाली हवाओं और दक्षिण से आने वाली हवाओं को रोक रही है। जिससे ना ही प्रदेश में तापमान में गिरावट दर्ज हो रही है और ना ही तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। टेंपरेचर में 4 दिनों से लगातार स्थिरता बनी हुई थी लेकिन आज से मौसम में बदलाव नजर आने वाला है।

मध्य भारत में मध्य प्रदेश के जबलपुर, शहडोल के साथ नर्मदापुरम, सागर संभाग के जिलों में भी बारिश की संभावना है, यह प्रदेश के पूर्वी हिस्से हैं इनके साथ ही तेज रफ्तार हवाओं के साथ डिंडौरी, छिंदवाड़ा और मंडला जिले में ओले गिर सकते हैं। मौसम विभाग ने आज नर्मदापुरम, शहडोल और सागर संभाग के जिलों में रुक-रुककर हल्की से मध्यम बारिश का सिलसिला बना रहने की संभावना जताई है। डिंडौरी, पांढुर्ना एवं मंडला जिले में भी ओले गिर सकते हैं यानी पूर्वी मध्य प्रदेश के जिलों में बारिश का दौर अभी बना रहेगा। आज प्रदेश की राजधानी भोपाल समेत नर्मदापुरम, रीवा, जबलपुर और सागर संभाग के जिलों में तेज रफ्तार हवाओं के साथ रुक-रुककर बारिश की गतिविधियां हो सकती है और बाकी हिस्से में बादल छाए रहने की संभावना है।

पहाड़ी राज्यों में भी होगी भारी बर्फबारी, मैदानी राज्यों पर भी दिखेगा असर :

जम्‍मू-कश्‍मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में आज बारिश और बर्फबारी होने के आसार हैं। उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों के पास चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है और सक्रिय वैस्टर्न डिस्टरबेंस से देश की राजधानी दिल्ली में हल्की बारिश से मध्यम बारिश की गतिविधियों से मौसम सुहावना होने वाला है। मौसम विभाग ने अपने पूर्वानुमान में बताया मे अगले 24 घंटे में बारिश और पहाड़ी राज्यों में बर्फबारी की चेतावनी दी है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि राजधानी दिल्ली के कई जगहों पर हल्की बारिश की संभावना है, जो बीती रात से देखा जाने लगा है। मगंलवार को आसमान में बादल छाए रहने के साथ साथ कुछ जगहों पर बारिश की गतिविधियां देखी गई है। उत्तर भारत के राज्यों और मैदानी इलाकों में गर्मी की शुरुआत हो गई थी, हालांकि, पहाड़ी राज्यों में बारिश और बर्फबारी शुरु हो चुकी है।

उत्तर भारत के मौसम की जानकारी जानें :

देश के उत्तर भारत के राज्यों में एक बार फिर से मौसम बदलने लगा है। यहां अब तेज़ धूप निकलने लगी थी जिसने लोगों को परेशान कर रखा था। अब एक बार फिर उत्तर प्रदेश के पूर्वी हिस्सों में तेज बारिश के साथ आंधी की संभावनाएं दिखाई दे रही हैं। वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के सक्रिय हो जाने के कारण और पहाड़ों पर बर्फबारी से यहां मौसम में इस तरह का अचानक बदलाव हो रहा है। मौसम विभाग ने बारिश की गतिविधियां को देखते हुए पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में और सटे हुए राज्यों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश और बिजली गिरने का अलर्ट जारी किया है, साथ ही कहीं कहीं ओलावृष्टि की भी संभावना है। इस बीच न्यूनतम तापमान ठंडी हवाओं से रात में ठंडक भी बढ़ सकती है।

20 मार्च यानी आज से मौसम बदल रहा है। 19 मार्च को पूर्वी उत्तर प्रदेश में कहीं-कहीं बारिश और गरज चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई थी जिससे आज भी मौसम के मिजाज कुछ ऐसे ही नजर आने वाले हैं। जबकि पश्चिमी यूपी में मौसम शुष्क रह सकता है। पश्चिम बंगाल के गांगेय क्षेत्र में 19 से 20 मार्च तक अलग-अलग स्थानों पर गरज के साथ बारिश होगी और बिजली गिरने तथा 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की भी संभावना जताई गई है।

देश में दो अलग अलग वैदर सिस्टम हैं एक्टिव :

भारतीय मौसम विभाग के अनुसार भारत में दो अलग-अलग वेदर सिस्टम एक्टिव हैं, जिसकी वजह से मौसम में लगातार बदलाव बना हुआ है। मौसम वैज्ञानिकों की माने तो पूर्वी हवा उत्तरी हवा को आने से रोक रही है। इससे यह हो रहा है कि पहाड़ों पर हुई बर्फबारी के बाद भी उत्तर से ठंडी हवा मध्य भारत के राज्यों तक नहीं आ पा रही है। इसका कारण रात के तापमान में ज्यादा गिरावट दर्ज नहीं की जा रही। पूर्वी हवाएं , दक्षिण हवाओं के साथ मिलकर मध्य भारत के पूर्वी हिस्सों में बारिश कर रही है और कहीं-कहीं ओलावृष्टि भी देखने को मिल रही है, इसका असर आज हर जगह देखा जा सकता है। इसके कारण दक्षिण से गर्म हवाएं नहीं आ पा रही है। जिससे दिन के तापमान में बढ़ोतरी दर्ज नहीं की जा रही है, हम कह सकते हैं कि उत्तर से ठंडी हवाओं के कारण ठंडक नहीं आ रही और दक्षिण हवाओं के कारण गर्माहट नहीं आ रही। जिसके कारण मौसम स्थिर बना हुआ है और तापमान में ज्यादा उतार- चढ़ाव नहीं देखे जा रहे हैं, लेकिन एक बार फिर बारिश शुरू हो गई है।

भीषण गर्मी की दस्तक देर से होने की संभावना है। मौसम केंद्र के वैज्ञानिकों के अनुसार मार्च के पहले हफ्ते में दूसरे हफ्ते के अंत में और चौथे हफ्ते की शुरुआत में मौसम बदल सकता है। जिस तरह फरवरी में मौसम एक जैसा नहीं रहा यह ट्रेंड मार्च में भी बना रह सकता है। लेकिन कुछ राज्यों में अभी से ही तापमान में वृद्धि होने लगी है जिससे तेज गर्मी का एहसास भी होने लगा है। कि इस बार होली का त्योहार 24 से 25 मार्च तक मनाया जाएगा, इस प्रमुख त्योहार के पहले भी मौसम में एक बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।

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