मध्य प्रदेश के पटवारी कई मांगों जैसे ग्रेड पे, पदोन्नति सहित अन्य मांगों को लेकर हड़ताल पर बैठे थे। यह हड़ताल 32 दिनों से जारी थी लेकिन सरकार उनकी मांगों को सुन नहीं रही थी। अब हाल ही में मुख्य्मंत्री की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में कुछ अहम फैसले लिए गए और पटवारीयो की मांगों को मान लिया गया। चुनावी साल के चलते मध्य प्रदेश में आए दिन सरकार नई-नई घोषणाएं कर रही है और हर विभाग को कुछ ना कुछ तोहफा दे रही है वहीं पटवारी कैसे पीछे रहते पटवारीयो ने भी अपनी ओर ध्यान खींचने के लिए और कई दिनों से पेंडिंग पदोन्नति को लेकर हड़ताल करना शुरू कर दी और सरकार को उनकी मांगों को मनाना पड़ा।
अब मध्य प्रदेश के 19,000 पटवारी जो हड़ताल पर बैठे हुए थे, वह मंगलवार से अपने-अपने कामों पर वापस लौटेंगे। जिससे कि नामांतरण ,बंटन, ई डबल्यू एस सर्टिफिकेट की रिपोर्ट जैसे पेंडिंग काम निपटना शुरू हो जाएंगे।

प्रशासन ने पटवारी की मांगों को लेकर शुक्रवार को सहमति दे दी है मध्य प्रदेश पटवारी संघ द्वारा 32 दिन बाद हड़ताल को खत्म कर दिया गया यह जानकारी संघ के प्रांत अध्यक्ष उपेंद्र सिंह बघेल द्वारा शुक्रवार को दी गई है अब शनिवार रविवार और सोमवार की छुट्टी होने की वजह से 3 अक्टूबर से ही पटवारी अपना काम शुरू कर सकेंगे।
